Fri. May 14th, 2021

Real4news

Latest and Breaking News in Hindi, हिन्दी समाचार, न्यूज़ इन हिंदी – Real4news.com

मुजफ्फरपुर : राज्य स्वास्थ्य समिति ने दिया निर्देश, कोरोना काल में नवजात बच्चों का रखा जाए विशेष ख्याल

3 min read

-कोरोना संकट में नवजात शिशुओं के स्वास्थ्य का रखा जायेगा विशेष ख्याल

• एसएनसीयू, पोषण पुनर्वास केंद्र में मिलेगी विशेष सुविधाएं
• राज्य स्वास्थ्य समिति के कार्यपालक निदेशक ने पत्र जारी कर दिया निर्देश
• जन्म के एक घंटे के अंदर स्तनपान कराना किया जायेगा सुनिश्चित
• 102 एंबुलेंस की सुविधा मिलेगी नि:शुल्क

मुज़फ़्फ़रपुर 3 जून : (Muzaffarpur) वैश्विक महामारी कोरोना (Corona) संकट में भी बेहतर स्वास्थ्य (Health) सुविधाएं मुहैया कराने के लिए स्वास्थ्य विभाग प्रयासरत है। ऐसी परिस्थिति में भी शिशुओं के स्वास्थ्य को लेकर विभाग चिंतित है। कोरोना महामारी में शिशुओं के लिए जरुरी स्वास्थ्य सेवाएं जैसे एसएनएससीयू (Snscu) एवं एनआरसी की सुविधा पहले की तरह प्रदान की जाएगी. इसको लेकर राज्य स्वास्थ्य समिति के कार्यपालक निदेशक मनोज कुमार पत्र लिखकर सभी जिले के सिविल सर्जन को निर्देश जारी किया है। जारी पत्र में शिशुओं के स्वास्थ्य संबंधित गतिविधियों के संचालित करने के लिए प्रावधान व मार्गदर्शन दिये गयें हैं। जिसमें कंटेंमेंट (Contentment) जोन तथा बफर जोन व ग्रीन जोन में शिशु स्वास्थ्य सेवाओं के संचालन को लेकर दिशा निर्देश दिया गया है।

-बीमार नवजात शिशु की देखभाल, डिस्चार्ज शिशु का फॉलो-अप तथा फैमली पार्टीसिपेट्री केयर कराना :

कॉनटेनमेंट जोन तथा बफर जोन में बीमार नवजात शिशु को नजदीक के एसएनसीयू में चिकित्सकीय सुविधा प्रदान किया जायेगा। प्रत्येक एसएनसीयू(स्पेशल न्यू बोर्न केयर यूनिट) में प्रवेश द्वार के पास ट्राइजिंग के लिए एक रेडिंयट वार्मर भी उपलब्ध कराया जायेगा। कोविड-19 के संदिग्ध मरीज के लिए स्टेप डाउन/ फैमली पार्टीसिपेट्री केयर कमरे को दो रेडियण्ट वार्मार के साथ तैयार रखने के भी निर्देश दिए गए हैं. एसएनसीयू में फैमली पार्टीसिपेट्री केयर (Participatory Care) को वर्तमान परिस्थितियों स्थगित रखा जायेगा। बफर जोन से बाहर यानि ग्रीन जोन मंस सामान्य दिशा-निर्देशों के अनुसार सभी सेवाओं को जारी रखा जायेगा।

-कोविड-19 पॉजिटिव नवजात किया जायेगा पटना रेफर :

पत्र के माध्यम से बताया गया है कि कोविड-19 के पॉजिटिव (Covid-19 positive) नवजात को स्थिरीकरण करने के उपरांत राज्य सरकार के कोविड-19 के दिशा-निर्देश के आलोक में कोविड-19 के मरीजों के लिए चिन्हित संस्थानों एनएमसीएच (NMCH) , एएनएमएमसीएच एवं जेएलएनएमसीएच (JLNMCH) तथा नजदीकी मेडिकल कॉलेज (Medical college) अस्पताल में उचित व्यवस्था के साथ रेफर किया जायेगा।

-एसएनसीयू से डिस्चार्ज शिशुओं का फॉलो-अप :

पत्र के अनुसार एसएनसीयू से डिस्चार्ज नवजात शिशुओं के संबंध में उनक माता या देखभालकर्ता के साथ एसएनसीयू के डाटा इंट्री ऑपरेटर के द्वारा फैसलिटी फॉलो-अप तथा आशा कार्यकर्ता के द्वारा सामुदायिक फॉलोअप दूरभाष के माध्यम से सुनिश्चित किया जायेगा. सिर्फ गंभीर नवजातों को हीं उचित वाहन के माध्यम से एसएनसीयू में भर्ती कराया जायेगा।

-घर-घर जाकर स्वास्थ्य कार्यकर्ता करेंगे पूछताछ :

कोविड-19 के बचाव के उद्देश्य से स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं के द्वारा गृह भ्रमण के दौरान ही शिशुओं के स्वास्थ्य संबंधित आवश्यक पूछताछ की जायेगी और आवश्यक सेवा के लिए सुविधाएं प्रदान की जायेगी।

-गृह आधारित नवजात शिशु देखभाल :

कॉनटेंनमेंट व बफर जोन में नवजात शिशुओं को दूरभाष के माध्यम से नियमित गृह आधारित नवजात शिशु देखभाल की सुविधा मिलेगी। आशा कार्यकर्ताओं द्वारा नियमित फॉलोअप किया जायेगा। साथ हीं कोविड-19 कार्यकर्ताओं के द्वारा गृह भ्रमण के दौरान शिशुओं के स्वास्थ्य एवं पोषण संबंधित आवश्यक पूछताछ की जायेगी और आवश्यक सेवाएं उपलब्ध करायी जायेगी। ग्रीन जोन में एचबीएनसी भ्रमण पूर्ववत दिशा-निर्देशों के अनुसार होगा।

-पोषण पुनर्वास केंद्र पर जटिलयुक्त अतिगंभीर कुपोषित बच्चों का प्रबंधन :

कॉनटेंनमेंट और बफर जोन में कोविड-19 से बचाव के लिए चिकित्सकीय जटिलता वाले अतिगंभीर कुपोषित बच्चों को पोषण पुनर्वास केंद्र में चिकित्सकीय सुविधा उपलब्ध करायी जायेगी। कुपोषित बच्चों के उचित रेफरल की पूर्ण व्यवस्था (arrangement) सुनिश्चित की जायेगी। 102 एंबुलेंस सेवा मुफ्त में उपलब्ध करायी जायेगी। एनआरसी(पोषण पुनर्वास केंद्र) से डिस्चार्ज (Discharge) बच्चों को नियमित रूप से दूरभाष के माध्यम से फॉलोअप (Follow up) किया जायेगा। ग्रीन जोन में यह सेवा पूर्ववत संचालित किया जायेगा।

-स्तनपान को बढ़ावा :

जारी पत्र में निर्देश दिया गया है कि माँ एवं नवजात शिशु को यथासंभव एक साथ रखा जाये तथा कोविड-19 के बावजूद जन्म के 1 घंटे के अंदर स्तनपान शुरू करना सुनिश्चित किया जाये। शिशुओं को हर बार स्तनपान कराते समय माँ द्वारा मास्क का प्रयोग एंव हाथ की स्वच्छता का पालन सुनिश्चित किया जाये।

रिपोर्ट : अमित कुमार